साहित्य वर्षा Sahitya Varsha

मेरी सागर डायरी My Sagar Diary - डॉ. वर्षा सिंह

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Thursday, November 21, 2019

सागर: साहित्य एवं चिंतन 67 : सामाजिक सरोकारों के कवि राधाकृष्ण व्यास ‘‘अनुज’’ - डाॅ. वर्षा सिंह

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Dr. Varsha Singh                   स्थानीय दैनिक समाचार पत्र "आचरण" में प्रकाशित मेरा कॉलम "सागर साहित्य एवं चिंतन ...
Tuesday, November 19, 2019

डॉ. विद्यावती "मालविका" का साहित्यिक भ्रमण - डॉ. वर्षा सिंह

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     आज मेरी माता जी डॉ. विद्यावती "मालविका" जी, जो स्वयं भी वरिष्ठ साहित्यसेवी, कवयित्री एवं कथालेखिका हैं, ने इच्छा प्रक...

बाल दिवस पर काव्य पाठ - डॉ. वर्षा सिंह

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Dr. Varsha Singh      बाल दिवस यानी देश के प्रथम प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू जी के जन्म दिवस 14 नवम्बर को नोबल कॉलेज, सागर में जवहरला...

पुनश्चर्या पाठ्यक्रम मेंं ग़ज़ल पाठ - डॉ. वर्षा सिंह

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        भारत सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय के  सहयोग से "समकालीन भारतीय साहित्य : प्रवृत्ति और प्रयोग " विषय पर दो सप्त...
Tuesday, November 12, 2019

डॉ. (सुश्री) शरद सिंह साहित्य आजतक के मंच पर

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Dr. Sharad Singh वेब मैगजीन "युवाप्रवर्तक" के दिनांक 12.11.2019 के अंक में प्रकाशित समाचार... हार्दिक आभार "युवाप...
Friday, November 1, 2019

साहित्य आजतक के मंच पर होंगी शरद सिंह

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साहित्य आजतक में डॉ. (सुश्री) शरद सिंह # साहित्य वर्षा        मध्यप्रदेश के सागर नगर में निवासरत देश की जानी-मानी हिन्दी लेखिका डॉ (सु...
Saturday, October 26, 2019

यम चतुर्दशी पर दीपदान - डॉ. वर्षा सिंह

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Dr. Varsha Singh      यम चतुर्दशी की हार्दिक शुभकामनाएं ! .... और यह है यम चौदस पर परम्परा अनुसार आटे के चौदह दीपकों का यम देव को हमा...
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Dr Varsha Singh
M.Sc. in Botany, Doctorate in Electro Homeopathy मैं यानी डॉ. वर्षा सिंह बचपन से लेखन कार्य कर रही हूं। मैं वनस्पति शास्त्र में एम.एस.सी हूं, इलेक्ट्रो होम्योपैथी में डॉक्टर हूं तथा मध्यप्रदेश पूर्वक्षेत्र विद्युत वितरण कम्पनी लिमि. सागर से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ले चुकी हूं। मेरे छः ग़ज़ल संग्रह - वक्त पढ़ रहा है, सर्वहारा के लिए, हम जहां पर हैं, सच तो ये है, दिल बंजारा, ग़ज़ल जब बात करती है ; दो नवसाक्षरों हेतु पुस्तकें -पानी है अनमोल, कामकाजी महिलाओं के सुरक्षा अधिकार; एक आलोचना पुस्तक-हिन्दी ग़ज़ल: दशा और दिशा प्रकाशित हैं। मुझे मेरे सृजनात्मक लेखन हेतु केन्द्रीय हिन्दी परिषद, मध्य प्रदेश राज्य विद्युत मण्डल द्वारा ‘विशिष्ट हिन्दी सेवी सम्मान,हिन्दी परिषद् (बीना शाखा) मध्य प्रदेश राज्य विद्युत मण्डल द्वारा ‘हिन्दी शिरोमणि’ सम्मान,राजभाषा परिषद् भारतीय स्टेट बैंक, सागर शाखा द्वारा ‘उत्कृष्ट साहित्य सृजनकर्ता सम्मान’,हिंदी साहित्य सम्मेलन शाखा सागर द्वारा ‘सुधारानी जैन महिला साहित्यकार सम्मान’, बुन्देली लोक कला संस्था, झांसी, उत्तरप्रदेश द्वारा ‘गुरदी देवी सम्मान’ , शक्ति सम्मान आदि अनेक सम्मान प्राप्त हो चुके हैं। मैं मानती हूं कि महिलाएं शक्ति का पर्याय हैं। उन्हें अपनी शक्ति को पहचान कर आत्मनिर्भर बनना चाहिए, ताकि देश और समाज के विकास में वे अपना पूर्ण योगदान दे सकें।
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